मेरे करीब
कभी मेरी उलझनें भी समझ लिया करो,
शिकायतें जो मुझसे तमाम करते हो।
कभी मेरी एक भी सुन लिया करो ,खुद की तो हजार कह देते हो।।
कभी मुझे महसुस भी कर लिया करो ,
तारीफें तो बेहिसाब करते हो।।
कभी मुझे हँसा भी दिया करो ,आंसुओ...
शिकायतें जो मुझसे तमाम करते हो।
कभी मेरी एक भी सुन लिया करो ,खुद की तो हजार कह देते हो।।
कभी मुझे महसुस भी कर लिया करो ,
तारीफें तो बेहिसाब करते हो।।
कभी मुझे हँसा भी दिया करो ,आंसुओ...