...

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जय श्री राम🙏
वर्षों से थी राह निहारी
आज घड़ी ये आई न्यारी
दर्शन को प्रभु के अभिलाषी
राम पे जाते हम बलिहारी

सजल नयन में बसा है बस इक नाम
चारों दिशा में है उद्घोषित जय श्री राम

जन जन की पीड़ा के नायक
तुम ही हरि तुम ही सुखदायक

धैर्य त्याग के तुम परिचायक
राम नाम से बनते बिगड़े काम

दीपों की पंक्ति से सजी है
आज अयोध्या महक रही है
पुलकित है जन जन का हृदय
राम की पैड़ी चहक उठी है।।



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@Writco @AtulPurohit